देश के दो अहम राज्यों पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न हो गई। सुबह से ही दोनों राज्यों में मतदाताओं का उत्साह देखने को मिला और कई मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें लगी रहीं। महिलाओं और युवाओं की सक्रिय भागीदारी ने इस चुनाव को खास बना दिया।

तमिलनाडु में सभी 234 विधानसभा सीटों पर एक ही चरण में वोटिंग हुई। यहां मुख्य मुकाबला DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन और AIADMK-Bharatiya Janata Party गठबंधन के बीच माना जा रहा है। राज्य में मतदान शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित तरीके से पूरा हुआ, जहां कई बड़े नेताओं और फिल्मी हस्तियों ने भी अपने मताधिकार का प्रयोग किया।
वहीं पश्चिम बंगाल में पहले चरण के तहत 152 सीटों पर मतदान हुआ, जिसमें 1478 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हो गई। यहां मुकाबला Trinamool Congress और Bharatiya Janata Party के बीच कड़ा माना जा रहा है।
हालांकि, बंगाल के कुछ इलाकों से तनाव और झड़प की खबरें भी सामने आईं। मुर्शिदाबाद में टीएमसी कार्यकर्ताओं और अन्य समूहों के बीच विवाद हुआ, जबकि सिलीगुड़ी और कुमारगंज में भी राजनीतिक टकराव की घटनाएं सामने आईं। भाजपा उम्मीदवार शुभेंदु सरकार ने आरोप लगाया कि उनके पोलिंग एजेंटों को बूथों से हटाया गया और उन पर हमला किया गया।
इसके विपरीत, तमिलनाडु में मतदान पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और प्रशासन ने व्यवस्था बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई।
अब सभी की नजरें मतगणना पर टिकी हैं, जहां यह तय होगा कि जनता ने किसे सत्ता की जिम्मेदारी सौंपी है। इन चुनावों के नतीजे न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय राजनीति की दिशा भी तय कर सकते हैं।








