जयपुर: ‘स्कूल ठीक करो’ कैंपेन के दौरान CJP टीम का विरोध, ग्रामीणों पर मारपीट और गाड़ियों के शीशे तोड़ने का आरोप
जयपुर के रामपुरा-कंवरपुरा में सरकारी स्कूल की स्थिति देखने पहुंची CJP की टीम को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, स्कूल के बाहर ग्रामीणों ने ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लगाकर धरना दिया और रास्ता जाम किया। इसके बाद CJP कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट और उनकी गाड़ियों के शीशे तोड़े जाने की बात सामने आई।

विवाद की मुख्य बातें
– CJP की टीम ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान के तहत रामपुरा-कंवरपुरा के सरकारी स्कूल का जायजा लेने पहुंची थी।
– रिपोर्ट के अनुसार, ग्रामीणों ने स्कूल के बाहर ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लगाकर विरोध प्रदर्शन किया और रास्ता रोक दिया।
– CJP कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें दौड़ाकर पीटा गया और वाहनों के शीशे तोड़े गए।
– CJP नेता आशुतोष रांका ने इस विरोध के पीछे राजनीतिक लोगों के होने का आरोप लगाया और भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। यह आरोप CJP की ओर से है, जिसकी स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट में नहीं हुई है।
– विवाद की पृष्ठभूमि में स्कूल की बदहाल स्थिति का मुद्दा भी सामने आया है। पहले की रिपोर्टों में रामपुरा-कंवरपुरा के सरकारी स्कूल की जर्जर इमारत के कारण बच्चों के वैकल्पिक जगह पर पढ़ने की स्थिति सामने आ चुकी है।
क्या है ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान?
CJP ने 15 अगस्त 2026 से गांवों के सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति सामने लाने के लिए ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान शुरू किया है। अभियान के तहत स्कूलों की स्थिति का डेटा जुटाने और समस्याओं को सार्वजनिक करने की बात कही गई है।
रामपुरा-कंवरपुरा की घटना में फिलहाल उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर CJP कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों के बीच तीखा विवाद सामने आया है। मारपीट, गाड़ियों में तोड़फोड़ और विरोध के पीछे की पूरी वजह को लेकर दोनों पक्षों के दावों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है। ऐसे में बिना आधिकारिक जांच के किसी एक पक्ष को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं होगा।








